GODAN BOOK REVIEW
गोदा न पुस्तक समीक्षा लेखक : मुंशी प्रेमचंद लेखक परिचय : धनपत राय श्रीवास्तव (31 जुलाई 1880 – 8 अक्टूबर 1936) प्रेमचंद नाम से जाने जाते हैं | जन्म : 31st जुलाई 1880 लमही, वाराणसी, उत्तर प्रदेश, भारत | मृत्यु : 8 अक्टूबर 1936 (उम्र 56) वाराणसी, उत्तर प्रदेश, भारत | व्यवसाय : अध्यापक लेखक पत्रकार | राष्ट्रीयता: भारतीय | अवधि: आधुनिक काल| विधा : कहानी और उपन्यास | विषय : सामाजिक और कृषक जीवन| पुस्तक विवरण : किताब की कीमत: 79/- ( INR) किताब का कवर पेपरबैक है | किताब के सामने के कवर में एक किसान के साथ एक गाय की तस्वीर और पीछे एक खेत है । गोदान उपन्यास सारांश अवध प्रांत में पांच मील के फासले पर दो गाँव हैं: सेमरी और बेलारी। होरी बेलारी में रहता है और राय साहब अमर पाल सिंह सेमरी में रहते हैं। खन्ना , मालती और डाॅ.मेहता लखनऊ में रहते हैं। गोदान का आरंभ ग्रामीण परिवेश से होता है। धनिया के मना करने पर भी हो...